नाबालिगों को वाहन देना पड़ेगा भारी, अभिभावकों पर अब सीधे न्यायालय में होगी पेशी।
बलरामपुर पुलिस की सख्ती, 83 मामलों में ₹1.23 लाख समन शुल्क वसूल; 6 प्रकरण न्यायालय में प्रस्तुत।
बलरामपुर-रामानुजगंज….
नाबालिगों द्वारा वाहन चलाने की बढ़ती प्रवृत्ति और सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए बलरामपुर पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है। मोटरयान अधिनियम की धारा 199(क) के तहत अब नाबालिगों को वाहन उपलब्ध कराने वाले अभिभावकों और वाहन स्वामियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जा रही है। नाबालिग के वाहन चलाते पकड़े जाने पर वाहन जब्त कर संबंधित अभिभावक अथवा वाहन स्वामी के विरुद्ध प्रकरण न्यायालय में प्रस्तुत किया जा रहा है।
पुलिस मुख्यालय रायपुर के निर्देश पर चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस महानिरीक्षक सरगुजा रेंज दीपक झा, पुलिस अधीक्षक वैभव बैंकर एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विश्व दीपक त्रिपाठी के निर्देशन में जिले के थाना, चौकी और यातायात पुलिस द्वारा कार्रवाई की जा रही है।
*पहले समझाइश, फिर कार्रवाई*
अभियान के प्रथम चरण में 30 जुलाई 2026 से जिले के शासकीय एवं अशासकीय विद्यालयों तथा अन्य शिक्षण संस्थानों में विशेष जन-जागरूकता अभियान चलाया गया। पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं अभिभावकों को नाबालिग बच्चों को वाहन न चलाने देने तथा उन्हें वाहन उपलब्ध नहीं कराने की समझाइश दी।
जन-जागरूकता अभियान के बाद भी नाबालिगों के वाहन चलाते पाए जाने पर पुलिस ने कार्रवाई जारी रखी। जिले के विभिन्न थाना एवं चौकी क्षेत्रों में 83 प्रकरणों में कार्रवाई करते हुए 1 लाख 23 हजार 500 रुपये समन शुल्क वसूल किया गया। संबंधित अभिभावकों एवं विद्यालय प्रबंधन को भविष्य में ऐसी पुनरावृत्ति नहीं होने की सख्त हिदायत भी दी गई।
*6 प्रकरण न्यायालय में होंगे प्रस्तुत*
अब धारा 199(क) के तहत कार्रवाई को और सख्त करते हुए नाबालिगों के वाहन चलाने के मामलों में संबंधित अभिभावक या वाहन स्वामी के खिलाफ प्रकरण न्यायालय में प्रस्तुत किए जा रहे हैं। वर्तमान में थाना रामानुजगंज के 2, यातायात बलरामपुर के 2 तथा चौकी वाड्रफनगर के 2, कुल 6 प्रकरणों में कार्रवाई कर प्रकरण न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किए जा रहे हैं।
*25 हजार तक जुर्माना और 3 साल तक की सजा का प्रावधान*
मोटरयान अधिनियम की धारा 199(क) के तहत नाबालिग द्वारा वाहन चलाए जाने की स्थिति में संबंधित अभिभावक अथवा वाहन स्वामी के विरुद्ध 25 हजार रुपये तक के जुर्माने और 3 वर्ष तक के कारावास का प्रावधान है।
बलरामपुर पुलिस ने अभिभावकों से अपील की है कि वे अपने नाबालिग बच्चों को किसी भी परिस्थिति में मोटर वाहन चलाने की अनुमति न दें और न ही उन्हें वाहन उपलब्ध कराएं। पुलिस के अनुसार सड़क सुरक्षा सामूहिक जिम्मेदारी है और नाबालिगों से होने वाली सड़क दुर्घटनाओं को रोकने के लिए यह अभियान लगातार जारी रहेगा।